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Pragati Tripathi

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एक तरफा इश्क

कल ही तो पूरा परिवार खुशी- खुशी रचना की डिलीवरी कराने अस्पताल गए थे और आज बेटी को जन्म देते ही रचना चल बसी।...

तू तो पैदा ही मनहूस हुई थी

"मीनी मीनी कहां हैं तू" -अपने बेडरूम से चाची ने आवाज लगाई। "चाची मैं खाना खा रही हूं, कहते हुए मीनी चाची के कमरे के...

तेरे बिना जिया जाए ना

शाम होने को आई थी, घर और बच्चों के लिए कुछ जरूरी सामान खरीदकर मोना तेज कदमों से घर जा रही थी तभी पीछे...

मजेदार एनिवर्सरी

"आज खाने में क्या बना रही है बहू?, कंगना जी ने उत्सुकतावश पूछा। "कुछ नहीं माँ जी, आज संडे है तो सोचा चावल, दाल और...

रिक्तता

  "हे भगवान, एक तो लड़के की जगह लड़की पैदा कर दी, ऊपर से काली - कलूटी!  न जाने कैसे इसका ब्याह होगा । मेरी...

अंकुश

"विद्या चाची, चाचाजी कहां है?," सुप्रिया ने चाची को आवाज दी।"अरे बेटा, वो तो स्कूल के लिए निकल गये।" "इतनी जल्दी! " "हां... आज उनके स्कूल...

कहानी के जीवित किरदार

गरिमा जी एक स्कूल टीचर और जानी-मानी लेखिका थी, कहानी ऐसी लिखती कि लोगों के जेहन में वो किरदार जीवित हो उठते। फेसबुक पेज...

हम कब सुधरेंगे

  मालती... गुड़िया कितना समय लगेगा तुम लोगों को, जल्दी करो वरना समय पर नहीं पहुंच पाएंगे?, अवधेश जी ने कहा। "हम तैयार हो चुके हैं...

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सवालों पर बेड़ियाँ – पितृसत्ता की तिलमिलाहट

अक्सर सोचती हूँ की न लिखूं। ये रोज़मर्रा की बातें हैं और घटियापन ,ओछेपन और बीमार मानसिकता पर तो जी ही रहें हैं हम। अपने काम...

अंतरज्वाला

इधर कुछ दिनों से अंजलि बैंक से काफ़ी देर से लौटने लगी थी। अंजलि और अजय दोनों कामकाजी थे। अंजलि बैंक में और अजय...

दो दिल मिले चुपके-चुपके

  "निलेश आज जो हुआ वो ठीक नहीं था" " हां सीमा इस बात का मुझे भी एहसास है कि हमसे अन्जाने में बहुत बड़ी गल्ती...

अब बस

  रूपा सुबह सुबह हाँथ में चाय का कप लिए हॉल में बैठकर टीवी देखते हुए चाय पी रही थी कि तभी उसको डोरबेल की...